चाईबासा में आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त पेड़ और टहनियां बनीं खतरा, हटाने की मांग
त्रिशानु राय ने एसडीओ से की कार्रवाई की मांग, कई व्यस्त स्थानों पर दुर्घटना की आशंका जताई

चाईबासा, 8 जून। पिछले दिनों आए तेज आंधी-तूफान के कारण चाईबासा शहर के विभिन्न क्षेत्रों में पेड़ और उनकी भारी टहनियां टूटकर खतरनाक स्थिति में लटकी हुई हैं। इस संबंध में कांग्रेस जिला प्रवक्ता एवं सामाजिक कार्यकर्ता त्रिशानु राय ने जनहित में संज्ञान लेते हुए अनुमंडल पदाधिकारी (सदर) चाईबासा संजय कुमार से जल्द कार्रवाई की मांग की है।

त्रिशानु राय ने कहा कि शहर के कई महत्वपूर्ण और व्यस्त स्थानों पर टूटे हुए पेड़ तथा टहनियां अब भी लोगों के लिए खतरा बनी हुई हैं। उन्होंने बताया कि अवर निबंधन कार्यालय के सामने, मानकी-मुंडा न्याय पंच कार्यालय के समीप, भरभरिया स्टैंड के पास, जुबली तालाब परिसर तथा शंभू मंदिर के आसपास पेड़ों की बड़ी टहनियां टूटकर लटकी हुई हैं। इन स्थानों पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों की आवाजाही होती है, जिससे किसी भी समय गंभीर दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है।

उन्होंने कहा कि राहगीरों, स्कूली बच्चों तथा वाहन चालकों के लिए यह स्थिति लगातार जोखिमपूर्ण बनी हुई है। यदि तेज हवा या बारिश होती है तो ये टहनियां पूरी तरह गिर सकती हैं, जिससे जान-माल की क्षति होने के साथ बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हो सकती है।

त्रिशानु राय ने प्रशासन से मांग की है कि जनसुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए शहर के विभिन्न क्षेत्रों में क्षतिग्रस्त पेड़ों और टूटी हुई टहनियों की पहचान कर उन्हें तत्काल हटाने की व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि समय रहते आवश्यक कदम उठाने से संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रशासन मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र आवश्यक कार्रवाई करेगा।




